अहिंसा जैन समुदाय का मूल सिद्धांत: कलराज मिश्र

अहिंसा जैन समुदाय का मूल सिद्धांत: कलराज मिश्र

6 views
0

जयपुर।राज्यपाल कलराज मिश्र शनिवार को जहाजपुर में चल रहे भव्य 1008 मुनिसुव्रतनाथ जिनबिम्ब पंचकल्याणक महोत्सव में पहुंचे और सम्बोधित किया। राज्यपाल मिश्र का स्वागत पंचकल्याणक महोत्सव समिति के अध्यक्ष विनोद जैन कोटा, महामंत्री ज्ञानेंद्र कुमार जैन जहाजपुर, मुख्य संयोजक विजय जैन लुहाड़िया सहित समस्त कार्यकारिणी ने किया।

राज्यपाल मिश्र ने विराजमान मुनि संघ से आशीर्वाद लिया। राज्यपाल कलराज मिश्र ने कहा है कि अहिंसा जैन समुदाय का मूल सिद्धांत है। किसान का कल्याण कैसे हो, व्यापार कैसे उन्नत हो, युवा वर्ग कैसे आगे बढ़े, सबकी चिंता जैन तीर्थंकर ने की है। तीर्थंकर ने अपनी शक्ति का दुरुपयोग कभी नहीं किया। क्रोध, चोरी नहीं करना, विवेक सत्य से कार्य करना जैन सम्प्रदाय के सिद्धांत है।

राज्यपाल मिश्र ने कहा कि आचार्य ज्ञान सागर की इच्छा के अनुरूप जहाजपुर क्षेत्र जल्द आध्यात्मिक पर्यटन स्थल बनेगा। केंद्र और राज्य सरकार से इसके लिए प्रयास किया जाएगा। आर्यिका मां स्वस्ति भूषण माताजी ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि इस महोत्सव में पाषाण की प्रतिमा बनेगी। जो सदियों तक जन जन का कल्याण करेगी। उन्होंने भूगर्भ से निकाली मुनिसुव्रतनाथ प्रभु की प्रतिमा के अतिश्यों से राज्यपाल को अवगत कराया और कहा कि बड़ी हस्तियों के आने से आयोजन विशाल हो जाता है। इस अवसर पर आचार्य ज्ञान सागर महाराज ने अपने मांगलिक प्रवचन में कहा कि भारतीय संस्कृति तनाव मुक्त जीवन की संस्कृति रही हैं। इस देश ने विश्व को अहिंसा और शाकाहार दिया है। संचालन भानु जैन जहाजपुर ने किया। गोपीचंद मीणा विधायक, सुरेशचंद जैन कुलपति तीर्थंकर महावीर विश्वविद्यालय मुरादाबाद समारोह में मौजूद थे।

About author

Your email address will not be published. Required fields are marked *